रांची। झारखंड की चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था के लिए एक बड़ी और सकारात्मक खबर सामने आई है। केंद्र सरकार ने राज्य के दो प्रमुख मेडिकल कॉलेजों—शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज (SNMMCH), धनबाद और एमजीएम (MGM), जमशेदपुर—में एमबीबीएस और पीजी की सीटों में भारी बढ़ोतरी के लिए ₹889.50 करोड़ की योजना को हरी झंडी दे दी है।
सीटों का नया स्वरूप
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी योजना के तहत, धनबाद के SNMMCH में एमबीबीएस की सीटें 100 से बढ़ाकर 250 की जाएंगी, जिस पर ₹225 करोड़ खर्च होंगे। वहीं, जमशेदपुर के एमजीएम में सीटें 150 से बढ़ाकर 250 की जाएंगी। पीजी (Post-Graduate) शिक्षा के क्षेत्र में भी क्रांतिकारी बदलाव दिखेगा; धनबाद में 186 और जमशेदपुर में 149 नई सीटें जोड़ी जाएंगी।
बजट और तकनीक
इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए केंद्र सरकार ₹526.50 करोड़ की आर्थिक सहायता देगी, जबकि शेष राशि का वहन राज्य सरकार करेगी। मंत्रालय ने एमओयू (MoU) का प्रारूप राज्य को भेज दिया है, जिस पर जल्द ही हस्ताक्षर किए जाएंगे। इसके बाद इस प्रस्ताव को अंतिम स्वीकृति के लिए कैबिनेट के समक्ष रखा जाएगा।
विशेषज्ञों और मंत्रियों की राय
स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने इसे राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने वाला कदम बताया है। उन्होंने कहा, “सीटों में इस वृद्धि का सबसे बड़ा लाभ ग्रामीण और पिछड़े इलाकों को मिलेगा, क्योंकि अब राज्य को पर्याप्त संख्या में विशेषज्ञ चिकित्सक मिल सकेंगे।” वहीं, स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने इसे बड़ी उपलब्धि बताते हुए संकेत दिया कि भविष्य में अन्य कॉलेजों में भी सीटें बढ़ाई जाएंगी और सुपर स्पेशियलिटी सेवाओं पर ध्यान दिया जाएगा।
इस निर्णय से न केवल झारखंड के मेधावी छात्रों को डॉक्टर बनने के अधिक अवसर मिलेंगे, बल्कि राज्य के अस्पतालों में मरीजों को बेहतर इलाज भी सुलभ होगा।
