प्रथम चरण की शुरुआत: 14 जून तक चलेगा मकान सूचीकरण का महाअभियान, ऐप के जरिए सुरक्षित होंगे आंकड़े****
धनबाद, 17 मई।कोयलांचल धनबाद में देश की महासमीक्षा यानी डिजिटल जनगणना की कवायद आधिकारिक तौर पर शुरू हो चुकी है। राष्ट्रीय महत्व के इस अभियान के तहत प्रथम चरण—
मकान सूचीकरण और मकान गणना’ (House Listing & Housing Census) का काम गति पकड़ रहा है। जिला प्रशासन की देखरेख में यह विशेष अभियान आगामी 14 जून तक अनवरत रूप से जारी रहेगा।इस बार की जनगणना पूरी तरह आधुनिक और तकनीकी से लैस है। इसके अंतर्गत विशेष प्रशिक्षण प्राप्त प्रगणक (न्यूमरेटर्स) और पर्यवेक्षक (सुपरवाइजर्स) घर-घर जाकर नागरिकों से संपर्क कर रहे हैं। वे एक विशेष मोबाइल एप्लीकेशन (ऐप) के माध्यम से मौके पर ही डिजिटल रूप से सभी आवश्यक आंकड़ों का संग्रह कर रहे हैं, जिससे डेटा पूरी तरह त्रुटिहीन और सुरक्षित रहेगा।
तथ्य और आंकड़े:ल|
मुख्य बिंदु |
पहला चरण (वर्तमान) |
मकान सूचीकरण और मकान गणना (16 मई से 14 जून) ||
दूसरा चरण (आगामी)| जनसंख्या और जनसांख्यिकीय प्रोफाइल संकलन (9 से 28 फरवरी, 2027)
तैनात कुल प्रगणक| लगभग 2,980 सरकारी शिक्षक ||
प्रति प्रगणक जिम्मेदारी** | 150 से 180 मकान (लगभग 800 नागरिकों की आबादी) |
अगले साल होगी मुख्य जनसंख्या की गिनती
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, वर्तमान में चल रहे पहले चरण में केवल मकानों और संपत्तियों की सूची तैयार की जा रही है। इसके बाद, इसका मुख्य और दूसरा चरण—जिसमें वास्तविक जनसंख्या की गिनती और जनसांख्यिकीय प्रोफाइल का संकलन किया जाएगा—अगले वर्ष
9 फरवरी से 28 फरवरी 2027** के बीच आयोजित होगा।
15 दिन चली नागरिकों की ‘स्व-गणना’:
इस मैदानी अभियान को गति देने के लिए सरकार द्वारा नागरिकों को ‘डिजिटल स्व-गणना’ (Self-Enumeration) की बड़ी सुविधा दी गई थी। इसके तहत 1 मई से 15 मई तक आधिकारिक पोर्टल खोला गया था, जहां बड़ी संख्या में जागरूक नागरिकों ने स्वयं ही ऑनलाइन माध्यम से अपना और अपने परिवार का विवरण पहले ही दर्ज कर लिया है।
प्रशासन की अपील- प्रगणकों को दें सही जानकारी :
जिला प्रशासन ने धनबाद के समस्त नागरिकों से अपील की है कि जब भी प्रगणक (शिक्षक) आपके द्वार पर आएं, तो उन्हें पूरी तरह सहयोग करें। देश के विकास, योजनाओं के निर्माण और सही नीतियों के निर्धारण के लिए प्रगणकों को बिल्कुल सटीक और सही जानकारी उपलब्ध कराएं।
